क्या कन्यादान सिर्फ खैरात है? क्यों होता है कन्यादान और क्या यह स्त्री का अपमान है? जानिए हिन्दू विवाह संस्कार में कन्यादान का सही अर्थ, उसका सांस्कृतिक और वैदिक महत्व। पढ़ें वरदान बनाम कन्यादान की सच्ची व्याख्या, ब्रह्म विवाह का रहस्य और उन कुतर्कों का उत्तर जो हिन्दू परम्पराओं को गलत साबित करते हैं।
संस्कृत साहित्य में ग्रन्थ के प्रारम्भ में मंगलाचरण की सुदीर्घ परम्परा है। सभी उपनिषदों का अपना मंगलाचरण है। मंगलाचरण के बिना कोई कार्य प्रारंभ करें तो उसमें विघ्न पड़ने...